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Monday, December 22, 2025

लाजवाब रिश्ते


रिश्ते लाजवाब 
बनेंगे 
बशर्तें है,

अहसान से नहीं 
एहसास से बनाओ,,


अपने पराए

बहुत दूर तक 
जाना पड़ता है, 

यह जानने के लिए 
की नजदीक कौन है,,




Sunday, December 21, 2025

बोलना और सुनना


मनचाहा बोलने के लिए 
अनचाहा सुनने की ,

ताकत अवश्य होनी चाहिए,,

आपका भी शुक्रिया

मुझे गिराने वालों 
आपका भी शुक्रिया,,

आपकी वजह से
मैंने संभालना
सीख‌ लिया,,

अजनबी रहो

अजनबी बना 
रहना ही ठीक है,

जानकार लोग 
बहुत तकलीफ देते हैं,,